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सर्दियों से पहले रजाई-कंबल से आने लगी है सीलन की बदबू? बिना धोए अपनाएं ये 7 आसान घरेलू उपाय

Winter Care Tips: अलमारी में रखे रजाई-कंबल से आती है अजीब गंध तो सिर्फ धूप दिखाना काफी नहीं, इन आसान तरीकों से दूर करें बदबू और करें सर्दियों की तैयारी

लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। सर्दियों का मौसम आने से पहले घरों में गर्म कपड़ों की तैयारी शुरू हो जाती है। अलमारी और बक्सों में रखी रजाई, कंबल, शॉल और गर्म चादरें बाहर निकाली जाने लगती हैं। लेकिन कई बार इन्हें निकालते ही सीलन और बासीपन की तेज गंध आने लगती है। ऐसे में सिर्फ थोड़ी देर धूप दिखाने के बाद इनका इस्तेमाल करना सही नहीं होता, खासकर जब कपड़ों में नमी बनी हुई हो।

दरअसल, लंबे समय तक बंद अलमारी में रखे रहने, नमी और हवा का पर्याप्त संचार नहीं होने से कपड़ों में अप्रिय गंध पैदा हो सकती है। यदि नमी लंबे समय तक बनी रहे, तो फफूंद भी पनप सकती है। अच्छी बात यह है कि कुछ आसान घरेलू उपायों से रजाई और कंबल की बदबू कम की जा सकती है। हालांकि, अगर उन पर फफूंद के धब्बे हों या गंध बहुत तेज हो, तो केवल घरेलू उपायों पर निर्भर नहीं रहना चाहिए।

1. रजाई-कंबल को पहले अच्छी तरह झाड़ें

सर्दियों के कपड़े अलमारी से निकालने के बाद सबसे पहले उन्हें खुली जगह पर ले जाकर धीरे-धीरे झाड़ें। इससे उन पर जमी धूल और छोटे कण हटाने में मदद मिलती है।

इसके बाद रजाई और कंबल को ऐसी जगह फैलाएं, जहां हवा अच्छी तरह आती हो। यदि मौसम साफ है, तो उन्हें कुछ घंटों के लिए धूप में रखा जा सकता है। मोटे कंबलों और रजाइयों को बीच-बीच में पलटें, ताकि दोनों तरफ हवा और धूप पहुंच सके।

ध्यान रखें कि इन्हें लगातार तीन-चार दिन धूप में छोड़ना जरूरी नहीं है। मौसम, कपड़े और उसकी भराई के हिसाब से समय तय करें। इस्तेमाल से पहले यह सुनिश्चित करें कि रजाई पूरी तरह सूखी हो।

2. कुछ समय खुली हवा में फैलाकर रखें

कई बार कपड़ों में हल्की बासी गंध इसलिए बनी रहती है, क्योंकि उन्हें लंबे समय तक बंद जगह में रखा गया होता है। ऐसे में रजाई और कंबल को कुछ घंटों तक खुले, हवादार कमरे या छायादार खुली जगह में फैलाकर रखना उपयोगी हो सकता है।

कमरे में खिड़कियां खोलें और हवा आने-जाने दें। अगर बाहर मौसम नम है या बारिश हो रही है, तो कपड़ों को बाहर रखने के बजाय घर के सूखे और हवादार हिस्से में रखें।

3. बेकिंग सोडा का इस्तेमाल करें

रजाई या कंबल की ऊपरी सतह पर आने वाली हल्की गंध को कम करने के लिए बेकिंग सोडा मददगार हो सकता है। लेकिन इसका इस्तेमाल करने से पहले कपड़े की देखभाल संबंधी जानकारी जरूर पढ़ें।

यदि सामग्री के लिए उपयुक्त हो, तो पहले किसी छोटे और छिपे हुए हिस्से पर परीक्षण करें। इसके बाद बहुत थोड़ी मात्रा में बेकिंग सोडा लगाकर कुछ समय के लिए छोड़ सकते हैं और फिर वैक्यूम क्लीनर से अच्छी तरह हटा सकते हैं।

सावधानी: बेकिंग सोडा को गीले कपड़े पर न लगाएं और न ही इसे हर तरह की रजाई पर इस्तेमाल करें। रेशमी, नाजुक, विशेष भराई वाली या ड्राई-क्लीनिंग की जरूरत वाली रजाई के लिए निर्माता के निर्देशों का पालन करें।

4. रजाई को सीधे परफ्यूम से न भिगोएं

बदबू दूर करने के लिए कई लोग रजाई और कंबल पर परफ्यूम या तेज खुशबू वाला स्प्रे छिड़क देते हैं। इससे कुछ समय के लिए अच्छी खुशबू आ सकती है, लेकिन नमी या फफूंद की मूल समस्या दूर नहीं होती।

कुछ स्प्रे त्वचा में जलन या एलर्जी भी पैदा कर सकते हैं। इसलिए कपड़ों पर तेज खुशबू वाले उत्पादों का अधिक इस्तेमाल न करें। पहले बदबू का कारण दूर करें और कपड़े को अच्छी तरह सुखाएं।

5. अलमारी को भी साफ और सूखा रखें

रजाई-कंबल साफ करने के बाद उन्हें वापस उसी नम या बदबूदार अलमारी में रख देने से समस्या फिर हो सकती है। इसलिए अलमारी के अंदर की धूल साफ करें और उसे पूरी तरह सूखने दें।

अलमारी में नमी हो तो उसका कारण पहचानें। जरूरत पड़ने पर कमरे में डीह्यूमिडिफायर या नमी सोखने वाला उपयुक्त उत्पाद इस्तेमाल किया जा सकता है। कपड़ों को बहुत ज्यादा ठूंसकर न रखें, ताकि उनके बीच हवा का संचार बना रहे।

6. रजाई-कंबल को सही तरीके से स्टोर करें

सर्दियों के बाद गर्म कपड़ों को रखने से पहले यह सुनिश्चित करें कि वे पूरी तरह साफ और सूखे हों। नम रजाई को प्लास्टिक बैग या बंद बक्से में रखने से सीलन और फफूंद की समस्या बढ़ सकती है।

रजाई और कंबल को साफ, सूखे और हवादार स्टोरेज बैग में रखें। यदि निर्माता के निर्देश अनुमति देते हैं, तो सांस लेने वाले कपड़े के कवर का इस्तेमाल बेहतर विकल्प हो सकता है। समय-समय पर स्टोरेज की जगह भी जांचते रहें।

7. बदबू तेज हो तो धुलाई या ड्राई क्लीनिंग कराएं

अगर रजाई से लंबे समय तक तेज सीलन की गंध आती रहे, उस पर काले या हरे धब्बे दिखाई दें या कपड़े में फफूंद होने का संदेह हो, तो केवल धूप दिखाना पर्याप्त नहीं है।

ऐसी स्थिति में रजाई के लेबल पर दिए गए निर्देशों के अनुसार धुलाई कराएं या पेशेवर ड्राई क्लीनिंग की मदद लें। फफूंद लगी वस्तु को झाड़ने से उसके कण हवा में फैल सकते हैं, इसलिए उसे जोर से न झाड़ें। यदि किसी व्यक्ति को एलर्जी या सांस संबंधी परेशानी है, तो ऐसी वस्तु को संभालते समय विशेष सावधानी रखें।

सर्दियों की तैयारी करते समय इन बातों का रखें ध्यान

  • रजाई और कंबल इस्तेमाल करने से पहले उनकी सफाई और सूखापन जांचें।
  • केवल खुशबू वाले स्प्रे से सीलन की समस्या छिपाने की कोशिश न करें।
  • कपड़ों को नम जगह या गीली अलमारी में न रखें।
  • नाजुक या विशेष भराई वाली रजाई को धोने से पहले उसके केयर लेबल को जरूर पढ़ें।
  • बदबू लगातार बनी रहे या फफूंद दिखाई दे, तो उचित सफाई कराएं।

निष्कर्ष: सर्दियों में रजाई और कंबल इस्तेमाल करने से पहले उनकी सफाई के साथ-साथ नमी दूर करना भी जरूरी है। अच्छी हवा, उचित धूप और सूखी अलमारी से हल्की बासी गंध कम हो सकती है। लेकिन फफूंद या लगातार बनी रहने वाली तेज बदबू के मामले में सही धुलाई या पेशेवर सफाई ही बेहतर विकल्प है।

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