सरोधा बांध में ‘बिच्छू गैंग’ का खौफ, पर्यटकों से वसूली के आरोप में 3 गिरफ्तार

सरोधा बांध पर कौन फैला रहा था दहशत? हथियारों के साथ पकड़े गए ‘बिच्छू गैंग’ के तीन युवक
छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल सरोधा बांध के पास पर्यटकों को डराने-धमकाने और कथित तौर पर पैसे वसूलने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस ने कथित ‘बिच्छू गैंग’ से जुड़े तीन युवकों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि ये युवक धारदार हथियार दिखाकर पर्यटकों और आम नागरिकों में भय पैदा करते थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से धारदार लोहे के हथियार बरामद किए हैं। तीनों को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। वहीं, पुलिस अब इस समूह के अन्य सदस्यों की पहचान करने में जुटी है।
सरोधा बांध में पर्यटकों को क्यों बनाया जा रहा था निशाना?
सरोधा बांध कबीरधाम जिले का एक जाना-पहचाना पर्यटन स्थल है, जहां घूमने के लिए लोग पहुंचते हैं। पुलिस के अनुसार, कुछ युवकों ने मिलकर एक समूह बनाया था, जिसे कथित तौर पर ‘बिच्छू गैंग’ नाम दिया गया था।
आरोप है कि इस समूह के सदस्य बांध के आसपास आने वाले पर्यटकों को धारदार हथियार दिखाकर डराते-धमकाते थे और उनसे पैसे वसूलने जैसी गतिविधियों में शामिल थे। पुलिस को इस समूह में करीब सात से आठ युवकों के शामिल होने की जानकारी मिली है।
पुलिस के मुताबिक, समूह से जुड़े कुछ लोगों के खिलाफ पहले भी वैधानिक कार्रवाई की गई थी। हालांकि, मामले में गिरफ्तार युवकों के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस
13 अक्टूबर को सिटी कोतवाली पुलिस को सूचना मिली कि सरोधा बांध के पास कुछ युवक हथियार लहराकर आम नागरिकों और पर्यटकों को भयभीत कर रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम गवाहों के साथ मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू की।
इस दौरान पुलिस ने तीन युवकों को पकड़ा। तलाशी के दौरान उनके पास से धारदार लोहे के हथियार बरामद किए गए। पुलिस ने हथियारों को विधिवत जब्त कर सीलबंद किया और आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई की।
कौन हैं गिरफ्तार किए गए तीन आरोपी?
पुलिस ने इस मामले में तीन युवकों की पहचान की है।
- शंकर धुर्वे (30): निवासी ग्राम छांटा, थाना पिपरिया।
- अशोक मरकाम (21): निवासी ग्राम मन्नाबेदी, थाना भोरमदेव।
- देवकुमार पटेल उर्फ गब्बर (18): निवासी ग्राम रौचन, थाना भोरमदेव।
पुलिस के अनुसार, शंकर धुर्वे के खिलाफ शस्त्र अधिनियम की धारा 25 और 27, अशोक मरकाम के खिलाफ धारा 25 तथा देवकुमार पटेल उर्फ गब्बर के खिलाफ धारा 25 और 27 के तहत कार्रवाई की गई है।
तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी पर भी पुलिस की नजर
इस मामले में पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि किसी पर्यटक को निजी फोटो या वीडियो वायरल करने की धमकी दी जाती है, जबरन पैसे मांगे जाते हैं या हथियार दिखाकर डराया जाता है, तो शिकायत मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
इस तरह की धमकियों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस लोगों से अपील कर रही है कि वे ऐसी किसी भी घटना की जानकारी तुरंत पुलिस को दें। शिकायत मिलने पर मामले की जांच कर संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
कथित गैंग के अन्य सदस्यों की तलाश जारी
तीन युवकों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस कथित ‘बिच्छू गैंग’ के अन्य सदस्यों की पहचान और उनकी भूमिका की जांच कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि समूह के कितने सदस्य इस तरह की गतिविधियों में शामिल रहे हैं और क्या अन्य लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की आवश्यकता है।
सरोधा बांध जैसे पर्यटन स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना स्थानीय प्रशासन और पुलिस के लिए अहम है। ऐसे में इस कार्रवाई के बाद पर्यटकों की सुरक्षा और कथित वसूली की शिकायतों पर पुलिस की आगे की जांच महत्वपूर्ण होगी।
फिलहाल इस मामले में तीन आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं, जबकि कथित समूह के अन्य सदस्यों की भूमिका की जांच जारी है।












