InternationalLatestNationalSports

Asian Games 2026: भारत का गोल्डन डे, एक ही दिन 4 स्वर्ण; तीरंदाजी में गोल्डन हैट्रिक, शूटिंग में एशियन रिकॉर्ड

नागोया में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन, चिकिथा तनिपार्थी ने एक ही दिन जीते दो गोल्ड; नीरू ढांडा और कायनान चेनाई ने ट्रैप मिक्स्ड टीम में रचा इतिहास

नागोया। एशियन गेम्स 2026 में बुधवार का दिन भारत के लिए बेहद खास रहा। भारतीय खिलाड़ियों ने एक ही दिन में चार गोल्ड मेडल जीतकर प्रतियोगिता में अपनी पदक तालिका को और मजबूत किया। इनमें सबसे शानदार प्रदर्शन कंपाउंड तीरंदाजी में देखने को मिला, जहां भारत ने एक ही दिन में महिला टीम, मिक्स्ड टीम और पुरुष टीम स्पर्धा के तीनों स्वर्ण पदक अपने नाम कर गोल्डन हैट्रिक पूरी की। वहीं निशानेबाजी में नीरू ढांडा और कायनान चेनाई की जोड़ी ने ट्रैप मिक्स्ड टीम स्पर्धा में स्वर्ण जीतने के साथ नया एशियन रिकॉर्ड भी बनाया।

भारत के लिए इस दिन की एक और बड़ी उपलब्धि चिकिथा तनिपार्थी रहीं। उन्होंने पहले महिला कंपाउंड टीम में गोल्ड जीता और इसके बाद साहिल जाधव के साथ मिक्स्ड टीम में भी स्वर्ण पदक हासिल किया। मिक्स्ड टीम की जीत के साथ भारत ने 2028 लॉस एंजेलिस ओलंपिक के कंपाउंड मिक्स्ड टीम इवेंट के लिए क्वालिफिकेशन भी हासिल किया।

इस तरह बुधवार के चार स्वर्ण ने एशियन गेम्स में भारत के गोल्ड मेडल की संख्या को 10 तक पहुंचा दिया।

तीरंदाजी में भारत की गोल्डन हैट्रिक

कंपाउंड तीरंदाजी में भारतीय खिलाड़ियों ने बुधवार को ऐसा प्रदर्शन किया कि तीनों टीम इवेंट के स्वर्ण भारत के खाते में आ गए।

दिन की शुरुआत महिला टीम के गोल्ड से हुई। इसके बाद मिक्स्ड टीम में चिकिथा तनिपार्थी और साहिल जाधव की जोड़ी ने रोमांचक मुकाबले में स्वर्ण जीता। इसके बाद पुरुष कंपाउंड टीम ने चीन को हराकर भारत को दिन का चौथा गोल्ड दिलाया।

इस प्रदर्शन के साथ भारत ने कंपाउंड आर्चरी के तीनों टीम इवेंट में स्वर्ण जीतकर गोल्डन हैट्रिक पूरी की।

महिला टीम ने चीन को हराकर जीता पहला गोल्ड

महिला कंपाउंड टीम फाइनल में भारत का सामना चीन से हुआ। भारतीय टीम में ज्योति सुरेखा वेन्नम, चिकिथा तनिपार्थी और पृथिका प्रदीप शामिल थीं।

भारतीय तिकड़ी ने पूरे मुकाबले में दबाव बनाए रखा और चीन को 238-234 से हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया।

भारत ने शुरुआती एंड में 60-58 की बढ़त बनाई। दूसरे एंड में भी भारतीय टीम ने 60-58 का स्कोर किया। तीसरे एंड तक भारत 178-176 से आगे था। निर्णायक एंड में भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार निशानेबाजी की और 238 अंक तक पहुंच गईं।

भारत का 238 का स्कोर इस स्पर्धा में दक्षिण कोरिया के 2014 एशियन गेम्स के रिकॉर्ड की बराबरी करने वाला प्रदर्शन रहा।

चिकिथा का डबल गोल्ड

महिला टीम की जीत के बाद चिकिथा तनिपार्थी के सामने एक और बड़ी चुनौती थी। उन्हें कुछ ही समय बाद साहिल जाधव के साथ मिक्स्ड टीम फाइनल में उतरना था।

भारत की इस जोड़ी का सामना दक्षिण कोरिया से हुआ और मुकाबला बेहद रोमांचक रहा।

भारतीय जोड़ी ने शुरुआत में 40-39 की बढ़त बनाई। दूसरे एंड के बाद भारत की बढ़त दो अंक हो गई। तीसरे एंड के बाद स्कोर 118-117 था।

आखिरी चरण में दक्षिण कोरिया ने दबाव बढ़ाया और मुकाबला बराबरी की ओर चला गया। भारत को अपने अंतिम तीरों में शानदार प्रदर्शन की जरूरत थी। साहिल जाधव ने निर्णायक मौके पर 10 अंक हासिल किए और मुकाबला शूट-ऑफ में पहुंच गया।

शूट-ऑफ में चिकिथा और साहिल दोनों ने 10-10 अंक हासिल किए, जबकि दक्षिण कोरिया की जोड़ी में चोई उन ग्यू 9 अंक ही हासिल कर सके। भारत ने 158-157 से मुकाबला जीतकर गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया।

ओलंपिक के लिए भी बड़ी उपलब्धि

इस जीत का महत्व सिर्फ एशियन गेम्स के गोल्ड मेडल तक सीमित नहीं रहा। भारत ने इस जीत के साथ 2028 लॉस एंजेलिस ओलंपिक के कंपाउंड मिक्स्ड टीम इवेंट के लिए क्वालिफाई करने वाला पहला देश बनने की उपलब्धि हासिल की। कंपाउंड तीरंदाजी लॉस एंजेलिस ओलंपिक में पहली बार शामिल होने वाली है।

पुरुष टीम ने चीन को एक अंक से हराया

दिन का चौथा गोल्ड भी बेहद रोमांचक मुकाबले के बाद आया।

कंपाउंड पुरुष टीम फाइनल में भारत का मुकाबला चीन से हुआ। भारतीय टीम में कुशल दलाल, साहिल जाधव और गणेश मणि रत्नम थिरुमुरु शामिल थे।

मुकाबले के दौरान एक समय भारत चीन से दो अंक पीछे था। लेकिन भारतीय तीरंदाजों ने दबाव में अपना संयम बनाए रखा और आखिरी एंड में शानदार वापसी की।

आखिरकार भारत ने चीन को 238-237 के बेहद करीबी अंतर से हराकर स्वर्ण पदक जीत लिया। सिर्फ एक अंक के अंतर से मिली यह जीत भारत की गोल्डन हैट्रिक का तीसरा स्वर्ण बनी।

शूटिंग में नीरू-कायनान की जोड़ी ने रचा इतिहास

तीरंदाजी के अलावा निशानेबाजी में भी भारत के लिए बुधवार का दिन शानदार रहा।

नीरू ढांडा और कायनान चेनाई ने ट्रैप मिक्स्ड टीम स्पर्धा में भारत के लिए स्वर्ण पदक जीता।

भारतीय जोड़ी क्वालिफिकेशन में चौथे स्थान पर रही थी, लेकिन फाइनल में उन्होंने शानदार वापसी की। फाइनल में भारत ने 34 का स्कोर हासिल किया और गोल्ड अपने नाम कर लिया।

कतर के मोहम्मद अल-रुमैही और रे बासिल ने 32 के स्कोर के साथ रजत पदक जीता।

गोल्ड के साथ टूटा एशियन रिकॉर्ड

नीरू ढांडा और कायनान चेनाई की जीत की खासियत सिर्फ स्वर्ण पदक नहीं थी। भारतीय जोड़ी ने इस दौरान नया एशियन रिकॉर्ड भी बनाया।

इससे पहले इस स्पर्धा का एशियन रिकॉर्ड 30 का था, जो कतर के नाम था। भारतीय जोड़ी ने फाइनल में 34 का स्कोर बनाकर इस रिकॉर्ड को चार अंकों से पीछे छोड़ दिया।

नीरू ढांडा के लिए यह उपलब्धि और भी खास रही, क्योंकि इससे पहले वह व्यक्तिगत ट्रैप स्पर्धा में भी गोल्ड जीत चुकी थीं। मिक्स्ड टीम में दूसरा स्वर्ण मिलने के साथ उनका एशियन गेम्स अभियान और खास हो गया।

एक दिन में चार गोल्ड से बढ़ा भारत का गोल्ड काउंट

30 सितंबर का दिन समाप्त होने तक भारत ने एशियन गेम्स 2026 में अपने खाते में 10 स्वर्ण पदक जोड़ लिए थे। इनमें एक ही दिन में आए चार गोल्ड ने अहम योगदान दिया।

बुधवार के चार स्वर्ण इस प्रकार रहे—

  • महिला कंपाउंड टीम तीरंदाजी: ज्योति सुरेखा वेन्नम, चिकिथा तनिपार्थी और पृथिका प्रदीप
  • कंपाउंड मिक्स्ड टीम तीरंदाजी: चिकिथा तनिपार्थी और साहिल जाधव
  • ट्रैप मिक्स्ड टीम शूटिंग: नीरू ढांडा और कायनान चेनाई
  • कंपाउंड पुरुष टीम तीरंदाजी: कुशल दलाल, साहिल जाधव और गणेश मणि रत्नम

भारत के लिए क्यों खास रहा यह दिन?

भारत के लिए इस प्रदर्शन में कई उपलब्धियां एक साथ आईं। तीरंदाजी में तीनों टीम स्पर्धाओं में स्वर्ण जीतना, शूटिंग में एशियन रिकॉर्ड बनाना, चिकिथा का एक ही दिन में दो गोल्ड जीतना और कंपाउंड मिक्स्ड टीम के जरिए 2028 ओलंपिक के लिए क्वालिफिकेशन हासिल करना इस दिन की प्रमुख उपलब्धियां रहीं।

विशेष रूप से कंपाउंड आर्चरी में भारत के प्रदर्शन ने टीम इवेंट्स में उसकी मजबूत मौजूदगी को रेखांकित किया। महिला टीम ने चीन को हराया, मिक्स्ड टीम ने दक्षिण कोरिया को शूट-ऑफ में मात दी और पुरुष टीम ने चीन को एक अंक से हराया।

दबाव में भारतीय खिलाड़ियों का दमदार प्रदर्शन

बुधवार की चारों स्वर्ण जीत में एक बात समान रही—निर्णायक मौकों पर भारतीय खिलाड़ियों ने दबाव के बीच अच्छा प्रदर्शन किया।

पुरुष टीम का चीन के खिलाफ मुकाबला आखिरी समय तक बेहद करीबी रहा। वहीं मिक्स्ड टीम का फाइनल शूट-ऑफ तक पहुंचा। शूटिंग में भी भारतीय जोड़ी क्वालिफिकेशन में चौथे स्थान से फाइनल में पहुंची और वहां रिकॉर्ड स्कोर के साथ गोल्ड जीतने में सफल रही।

इस प्रदर्शन ने नागोया में चल रहे एशियन गेम्स में भारत के अभियान को एक नया मोड़ दिया है। अब प्रतियोगिता के आगे के मुकाबलों में भारतीय खिलाड़ियों से पदकों की संख्या और बढ़ने की उम्मीद रहेगी।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button