विजय सालगांवकर की आखिरी चाल ने मचाई हलचल, क्लाइमैक्स पर देशभर में हो रही चर्चा

अजय देवगन की ‘दृश्यम: द कन्क्लूजन’ को मिल रही जबरदस्त प्रतिक्रिया, निर्देशक अभिषेक पाठक बोले- दर्शकों की उम्मीदों का सम्मान करना सबसे बड़ी चुनौती थी
मुंबई। विजय सालगांवकर एक बार फिर अपने परिवार को बचाने के लिए ऐसी चाल चल चुके हैं, जिसने दर्शकों को सोचने पर मजबूर कर दिया है। ‘दृश्यम: द कन्क्लूजन’ के सिनेमाघरों में पहुंचने के साथ ही फिल्म के क्लाइमैक्स को लेकर देशभर में चर्चा तेज हो गई है। फिल्म की कहानी, सस्पेंस और आखिरी मोड़ को लेकर दर्शक अपनी-अपनी थ्योरी और व्याख्याएं साझा कर रहे हैं।
अजय देवगन की इस बहुचर्चित फ्रेंचाइजी की तीसरी और अंतिम कड़ी को लेकर लंबे समय से दर्शकों में उत्सुकता थी। अब फिल्म रिलीज होने के बाद खास तौर पर इसके क्लाइमैक्स को लेकर चर्चाएं सामने आ रही हैं।
11 साल पुरानी कहानी का अंतिम अध्याय
‘दृश्यम’ की कहानी ने विजय सालगांवकर के किरदार को भारतीय सिनेमा के चर्चित किरदारों में शामिल किया। एक साधारण केबल ऑपरेटर और फिल्म प्रेमी विजय ने अपनी समझदारी और रणनीति के दम पर पुलिस की जांच को लंबे समय तक उलझाए रखा था।
अब फ्रेंचाइजी का अंतिम अध्याय उसी कहानी को आगे बढ़ाता है। फिल्म में विजय के सामने एक बार फिर ऐसा संकट है, जहां उसे अपने परिवार और पुराने राज को बचाने के लिए नई रणनीति बनानी है।
अभिषेक पाठक ने बताया सबसे बड़ी चुनौती
फिल्म के निर्देशक अभिषेक पाठक ने कहा कि इतने वर्षों से दर्शकों के साथ जुड़ी इस कहानी को उसके अंतिम पड़ाव तक पहुंचाना उनके लिए बड़ी जिम्मेदारी थी।
उनके मुताबिक दर्शकों के पास पहले से ही अपनी थ्योरी और उम्मीदें थीं कि कहानी का अंत किस तरह होना चाहिए। ऐसे में चुनौती यह थी कि फ्रेंचाइजी के अब तक के सफर का सम्मान करते हुए ऐसा अनुभव दिया जाए, जिसकी दर्शकों ने पूरी तरह कल्पना न की हो।
क्लाइमैक्स पर दर्शकों की चर्चा से निर्देशक खुश
फिल्म को मिल रही प्रतिक्रिया पर अभिषेक पाठक ने कहा कि उनके लिए सबसे संतोषजनक बात यह है कि दर्शक फिल्म देखने के बाद भी उसके अंत को लेकर चर्चा कर रहे हैं।
विजय ने आखिर क्या किया और कहानी किस निष्कर्ष तक पहुंची—इन्हीं सवालों को लेकर दर्शकों के बीच अलग-अलग व्याख्याएं देखने को मिल रही हैं। निर्देशक के मुताबिक किसी फिल्म के खत्म होने के बाद भी उसका दर्शकों के बीच चर्चा में बने रहना इस फ्रेंचाइजी की खासियत है।
विजय ही नहीं, पूरी दुनिया से जुड़ चुके हैं दर्शक
अभिषेक पाठक ने यह भी कहा कि उन्हें इस बात ने सबसे ज्यादा प्रभावित किया कि दर्शक सिर्फ विजय सालगांवकर के किरदार से ही नहीं, बल्कि ‘दृश्यम’ की पूरी दुनिया से भावनात्मक रूप से जुड़े हुए हैं।
कई सालों से इन किरदारों को देखने के बाद दर्शकों के लिए यह कहानी और इसके पात्र परिचित हो चुके हैं। यही वजह है कि फिल्म के अंतिम अध्याय को लेकर दर्शकों में खास उत्सुकता देखने को मिल रही है।
फिल्म में नजर आ रहे हैं ये कलाकार
‘दृश्यम: द कन्क्लूजन’ में अजय देवगन और तब्बू के साथ श्रिया सरन, रजत कपूर, जयदीप अहलावत, प्रकाश राज, कमलेश सावंत, इशिता दत्ता और मृणाल जाधव समेत कई कलाकार नजर आ रहे हैं।
फिल्म का निर्देशन अभिषेक पाठक ने किया है। इसकी कहानी अभिषेक पाठक, आमिल कीयन खान और परवेज शेख ने लिखी है। फिल्म को स्टार स्टूडियो18 की पेशकश और पैनोरमा स्टूडियोज के बैनर तले बनाया गया है।
‘दृश्यम’ के अंतिम अध्याय पर टिकी नजरें
विजय सालगांवकर की कहानी का यह अंतिम अध्याय रिलीज के बाद दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। खास तौर पर फिल्म का क्लाइमैक्स लोगों को अपनी-अपनी तरह से कहानी को समझने और उसके अंत पर बहस करने का मौका दे रहा है।












