दलेर मेहंदी के साथ मंच पर क्या हुआ? इला अरुण का फूटा गुस्सा, बोलीं- बेहद नाराज हैं हम

गायक दलेर मेहंदी के साथ उत्तराखंड के कुंजापुरी मेले में हुए विवाद ने संगीत जगत में हलचल मचा दी है। अब गायिका इला अरुण उनके समर्थन में सामने आई हैं। उन्होंने मंच पर दलेर मेहंदी के साथ हुए व्यवहार को अपमानजनक बताते हुए कहा कि इस घटना से कलाकारों और संगीत प्रेमियों को दुख पहुंचा है।
समाचार एजेंसी आईएएनएस को दिए साक्षात्कार में इला अरुण ने कहा कि दलेर मेहंदी उनके लिए केवल मित्र नहीं, बल्कि भाई जैसे हैं। पंजाबी और सूफी संगीत को लोकप्रिय बनाने में उनका बड़ा योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि घटना के पूरे तथ्यों की जानकारी उन्हें नहीं है, लेकिन जिस तरह से गायक से सार्वजनिक मंच पर बात की गई, वह उचित नहीं था।
इला अरुण ने आयोजकों पर क्या सवाल उठाए?
इला अरुण के मुताबिक, यदि आयोजकों या प्रायोजकों को दलेर मेहंदी की तबीयत या प्रस्तुति को लेकर कोई चिंता थी, तो इस विषय पर उनके सचिव से निजी तौर पर बात की जा सकती थी। उनके विचार में ऐसी स्थिति को सार्वजनिक मंच पर संभालने के बजाय सम्मानजनक तरीके से सुलझाया जाना चाहिए था।
उन्होंने कलाकारों के सम्मान को बेहद महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि इस घटना से वह और संगीत जगत के कई लोग नाराज हैं। इला ने दलेर मेहंदी की सेहत को लेकर भी चिंता जताई और कहा कि कलाकारों के साथ व्यवहार करते समय उनकी भावनाओं का ध्यान रखना जरूरी है।
आखिर कुंजापुरी मेले में क्या हुआ था?
रिपोर्ट के अनुसार, 18 अक्टूबर को उत्तराखंड के टिहरी जिले में आयोजित कुंजापुरी मेले के दौरान दलेर मेहंदी की प्रस्तुति रोक दी गई थी। बताया गया कि उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री और स्थानीय विधायक सुबोध उनियाल ने हस्तक्षेप किया। आरोप लगाया गया था कि देवी दुर्गा को समर्पित कार्यक्रम में गायक शराब पीकर मंच पर आए थे। यह आरोप है; उपलब्ध खबर में इसकी स्वतंत्र पुष्टि का विवरण नहीं दिया गया है।
घटना के बाद कई कलाकारों ने दलेर मेहंदी के समर्थन में प्रतिक्रिया दी है। विवाद ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि किसी कलाकार की प्रस्तुति को लेकर आपत्ति होने पर स्थिति को किस तरह सम्मानजनक ढंग से संभाला जाना चाहिए।












